क्या खाना बनाने का नाम सुनते ही आप डर जाते हैं? क्या इस मामले में आपकी महारत केवल नूडल्स पकाने तक सीमित है? वाकई, यह बात कई लोगों पर बिल्कुल सटीक बैठती है। यह कोरोना वायरस की महामारी से उपजे मौजूदा हालात में और भी मुश्किल हो गया है, क्योंकि सबको एक-दूसरे से दूरी बनानी पड़ रही है, घरेलू सहायकों को सवैतनिक छुट्टी दी जा चुकी है, होटल-रेस्तरां बंद हैं और कई लोग भोजन के लिए ऑनलाइन ऑर्डर करने से भी परहेज कर रहे हैं।
लेकिन, घबराने की कोई बात नहीं है, क्योंकि कई शेफ आपकी यह मुश्किल दूर करने के लिए आगे आ चुके हैं। ये आपको ऐसे व्यंजन बनाने का गुर बता रहे हैं, जिनमें स्वाद और सुगंध के साथ-साथ सेहत का भी पूरा मसाला मौजूद है। पेश हैं, कुछ पौष्टिक व्यंजन, जिन्हें बनाने के लिए आपको 10 से भी कम चीजों की जरूरत होगी।
1-करी दाल मुलिगाटावनी
सामग्री :
100 ग्राम पकी हुई दाल (कोई भी), 2 चम्मच करी पाउडर, 1 चम्मच नारियल का तेल, और 50 मिली लीटर नारियल का दूध
विधि-
पकी दाल को एक ब्लेंडर में डालकर प्यूरी बना लें। एक सॉस पैन को गर्म करें। इसके बाद उसमें नारियल का तेल और करी पाउडर डालकर तब तक पकाएं, जब तक पाउडर का कच्चापन खत्म न हो जाए।
अब उसमें दाल की प्यूरी मिलाएं और नारियल का दूध डालकर मन मुताबिक गाढ़ा या पतला कर लें।
एक गहरे कटोरे में कुरकुरी रोटियों के साथ गर्मागर्म परोसें
2 राजमा चावल खिचड़ी

सामग्री :
100 ग्राम पका हुआ राजमा (बचे हुए या रात भर भिगोने के बाद उबाले हुए), 100 ग्राम पके हुए चावल, 1 चम्मच कटा हुआ लहसुन, 1 बड़ा चम्मच कटा हुआ प्याज, 2 बड़ा चम्मच घी, नमक और काली मिर्च स्वादानुसार, 20 ग्राम कसा हुआ पनीर और 10 ग्राम उबले हुए मकई के दाने (कॉर्न)
विधि :
एक पैन में घी गरम करें। उसमें कटा हुआ लहसुन और प्याज डालें। इसके बाद उसमें उबले हुए मकई के दाने और पके हुए चावल मिलाएं। फिर उसमें राजमा और क्रीम डालें। मिश्रण को अच्छी तरह से मिलाएं। यदि आवश्यक हो तो थोड़ा-सा पानी डालें। स्वाद में चटपटापन लाने के लिए जरूरत के मुताबिक नमक और काली मिर्च मिलाएं। कद्दूकस किए हुए पनीर को मिश्रण पर बिखेरें और कुचले हुए पापड़ से सजाकर पेश करें।
टिप्स-
-अगर आपको लगता है कि आपका कोई फल खराब हो सकता है, तो उन्हें स्टू कर फ्रिज में रख लें। यह केक, दलिया, जई, पैनकेक आदि बनाने में काम आ सकता है।
-सत्तू और गुड़ को गर्म पानी में सान लें या घोल लें। यह प्रोटीन का बहुत ही अच्छा जरिया है। यह ताकत देता है और फेफड़ों के लिए भी बहुत अच्छा होता है।
-चावल पकाने वाले किसी कुकर में भरकर भोजन (खिचड़ी जैसा) पका लें। ढका हुआ बर्तन होने के कारण इसमें पोषण का स्तर सुरक्षित रहता है। इसमें भोजन धीरे-धीरे पकता है, इसलिए सब कुछ अच्छी तरह से पक जाता है। इसके दूषित होने की संभावना नहीं होती। आप इसमें चावल की जगह ज्वार, बाजरा या ऐसा कोई और मोटा अन्न इस्तेमाल कर सकते हैं।
